31 दिसंबर तक करवा लें ये 4 काम, नहीं तो होगी परेशानी

 


 


1 जनवरी को लोग नए साल के जश्न में डूबे होंगे, लेकिन यह जश्न आप सही तरीके मनाना चाहते हैं तो इससे पहले कुछ जरूरी काम निपटा लीजिए ताकि भविष्य में होने वाली परेशानियों से बचे रहें. जरूरी कामों में सबसे पहले अपना पुराना एटीएम कार्ड बदलकर नए ईएमवी चिप वाले एटीएम कार्ड बैंक से ले. अगर आपने अभी तक पैनकार्ड की आधार से लिंकिंग नहीं करवाई है तो तुरंत लिंक करवा लें. तीसरा जरूरी काम है 31 दिसंबर तक आप अपना आयकर विवरणी जमा कर दें, अन्यथा आपको 10 हजार रुपये की पेनाल्टी देनी होगी. इस प्रकार इन कामों को प्रमुखता के साथ निपटा ले और नए साल का जश्न मनाइए.


*SBI का डेबिट कार्ड*
अगर आपका भी SBI में अकाउंट है और बैंक के एटीएम-डेबिट कार्ड (ATM or debit Card) कार्ड इस्तेमाल करते हैं, तो आपके लिए सतर्क होने की जरुरत है. एसबीआई बैंक ने ट्वीट कर कहा है कि ग्राहक अपने पुराने मैग्नेटिक एटीएम-डेबिट कार्ड को बदलवा लें. ग्राहकों को यह काम 31 दिसंबर 2019 तक करना है क्योंकि वह नए साल से अपने पुराने एटीएम-डेबिट कार्ड से पैसे नहीं निकाल पाएंगे. यानी आपके पास करीब 15 दिन का समय नया एटीएम-डेबिट कार्ड अप्लाई करने के लिए बचा है.


*बेकार हो जाएगा आपका PAN कार्ड*
स्थायी खाता संख्या (पैन) को इस साल 31 दिसंबर तक आधार से अनिवार्य रूप से जोड़ना होगा. रविवार को आयकर विभाग (Income Tax Department) ने इस बारे में सार्वजनिक सूचना जारी की है. विभाग ने कहा कि बेहतर कल के लिए इनकम टैक्स से जुड़ी सेवाओं का लाभ लेने को पैन को आधार से जोड़ने का काम 31 दिसंबर, 2019 तक पूरा कर लें. सूचना में कहा गया है कि पैन को आधार से जोड़ना अनिवार्य है.


 


*ITR फाइल करके जुर्माने से बचें*
अगर आपने 2018-2019 की ITR अब तक नहीं फाइल की है तो आप आने वाले समय में भारी जुर्माने से बचने के लिए 31 दिसंबर तक ITR भर सकते हैं. इसे बिलेटेड आईटीआर के नाम से जाना जाता है. यूं तो बिलेटेड आईटीआर की आखिरी तारीख 31 मार्च 2020 तक भर सकते हैं वो भी 10000 रूपए का जुर्माने के साथ. ऐसे में आप 31 दिसंबर 2019 तक बिलेटेड आईटीआर भरकर 5 हजार रूपए का जुर्माना देकर 5 हजार रूपए बचा सकते हैं.


*निपटा लें ये विवाद*
अगर आप भी किसी सर्विस टैक्स (Service Tax) या एक्साइज ड्यूटी (Excise Duty) संबंधित विवाद से जुड़े हैं तो आपके लिए बेहतर होगा कि 31 दिसंबर 2019 से पहले इसके समाधान के लिए रजिस्ट्रेशन करा लें. बता दें ऐसे विवादों का निपटारा करने के लिए वित्त मंत्रालय ने इस स्कीम को शुरू किया था, जिसकी अं​तिम तारीख 31 दिसंबर 2019 है.